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लुधियाना के सीनियर डिप्टी मेयर के निर्देशों की अफसरों को नहीं परवाह

लुधियाना के सीनियर डिप्टी मेयर के निर्देशों की अफसरों को नहीं परवाह

लुधियाना के सीनियर डिप्टी मेयर के निर्देशों की अफसरों को नहीं परवाह, बहाने बना टाल देते निर्देशों को  लुधियाना : (पी9 ब्यूरो) :  लुधियाना क

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लुधियाना के सीनियर डिप्टी मेयर के निर्देशों की अफसरों को नहीं परवाह, बहाने बना टाल देते निर्देशों को 

लुधियाना : (पी9 ब्यूरो) : 

लुधियाना के सीनियर डिप्टी मेयर शाम सुंदर मल्होत्रा अफसरों को जिस भी काम के लिए कहते हैं अफसर उसे टाल देते हैं। सीनियर डिप्टी मेयर का ओहदा वैसे तो मेयर के बाद दूसरे नंबर पर है लेकिन कई अफसर हैं कि वे सीनियर डिप्टी मेयर की सुनते ही नहीं।

सीनियर डिप्टी मेयर का ओहदा वैसे तो नगर निगम में मेयर के बाद दूसरे नंबर पर आता है, लेकिन निगम के कई अफसर हैं कि वे सीनियर डिप्टी मेयर की सुनते ही नहीं। लुधियाना के सीनियर डिप्टी मेयर शाम सुंदर मल्होत्रा अफसरों को जिस भी काम के लिए कहते हैं, अफसर उसे किसी न किसी बहाने टाल ही देते हैं। हाल ही में शाम सुंदर मल्होत्रा ने जोन ए में जोनल कमिश्नर व अन्य अफसरों के साथ बैठक की और उन्हें हिदायतें दी कि शहर में जहां से शिवरात्रि की शोभायात्रा निकलनी है, वहां पर सफाई करवाई जाए और टूट चुकी सड़कों पर पैचवर्क किया जाए। अफसरों ने बैठक में हां तो कर दी, लेकिन उसके बाद यात्रा मार्ग में न तो सही तरीके से सफाई की गई और न ही सड़क पर पैचवर्क हुआ। खैर, ऐसा पहली बार नहीं हुआ, अफसर पहले भी कई बार ऐसा कर चुके हैं।

नियम छोड़ो, रिकवरी पर फोकस करो

डिप्टी कमिश्नर वरिंदर कुमार शर्मा और पुलिस कमिश्नर राकेश अग्रवाल इन दिनों कोरोना की दूसरी लहर पर काबू पाने के लिए आए दिन नए-नए आर्डर जारी कर रहे हैं। अफसरों के साथ बैठक कर उन्हें सख्त एक्शन लेने के आदेश दिए जा रहे हैं। वहीं दूसरी ओर नगर निगम के दफ्तरों में भी जमकर भीड़ जुट रही है। यहां कोविड-19 के नियमों का पालन नहीं हो रहा है। कर्मचारियों और अफसरों पर रिकवरी का दबाव है, इसलिए वे भी निगम दफ्तरों में आने वालों पर सख्ती कर रहे। यही नहीं, अफसर तो यहां पब्लिक डीलिंग काउंटरों पर बैठने वाले कर्मचारियों को भी कह रहे हैं कि साहब का प्रेशर है, रिकवरी तो करनी ही है। इसलिए फिलहाल नियम छोड़ दो और रिकवरी पर फोकस करो। अपने पास सिर्फ 31 मार्च तक का समय है। अगर समय पर रिकवरी टारगेट पूरा न हुआ तो सख्त कार्रवाई के लिए तैयार रहें।

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