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मालवा में कैप्टन और कांग्रेस को दोहरा झटका :

मालवा में कैप्टन और कांग्रेस को दोहरा झटका :

मालवा में कैप्टन और कांग्रेस को दोहरा झटका : कैप्टन के पूर्व ओएसडी सन्नी बराड़ के बाद भाई कुक्कू परिवार ने छोड़ी कांग्रेस लुधियाना : (पी9 ब्यूरो)

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मालवा में कैप्टन और कांग्रेस को दोहरा झटका : कैप्टन के पूर्व ओएसडी सन्नी बराड़ के बाद भाई कुक्कू परिवार ने छोड़ी कांग्रेस

लुधियाना : (पी9 ब्यूरो) : 

सुखबीर सिंह बादल के साथ निरपाल सिंह कुकू और राहुल सिद्धू
सुखबीर सिंह बादल के साथ संदीप सिंह सन्नी बराड़

शिरोमणि अकाली दल बादल को दो दिन में दो बड़ी सफलता हाथ लगी है। इसकी वजह एक ही कोटकपूरा विधान सभा क्षेत्र की सीट बनी है। कोटकपूरा विधान सभा सीट से दावेदार कैप्टन के नजदीकी संदीप सिंह सन्नी बराड़ और कांग्रेस नेता भाई निरपाल सिंह कुक्कू और उनके बेटे ने शिअद ज्वाइन कर ली है। सन्नी बराड़ के साथ साथ भाई परिवार भी कैप्टन अमरिंदर सिंह काफी नजदीकी रहा है। भाई कुक्कू के बेटे राहुल सिद्धू कांग्रेस से तो सन्नी बराड़ एनडीए के दावेदार थे। पार्टी को मिले दोनों नेताओं से श्री मुक्तसर साहिब और फरीदकोट की सीटों पर फायदा जरूर मिलेगा। क्योंकि तीनों का दोनों जिलों में अच्छा खासा आधार है।

संदीप सिंह सन्नी बराड़ ने कैप्टन के साथ छोड़ी कांग्रेस

संदीप सिंह सन्नी बराड़ मुख्यमंत्री रहते हुए कैप्टन अमरिंदर सिंह के ओएसडी रहे हैं। कैप्टन अमरिंदर सिंह मुख्यमंत्री के पद से हटा देने के बाद वह कैप्टन अमरिंदर सिंह के साथ चले गए थे। 2017 में वह फरीदकोट से चुनाव लड़ना चाहते थे और कैप्टन ने यह सीट कुशलदीप सिंह किक्की ढिल्लों को दे दी थी। अब वह कोटकपूरा से पंजाब लोक कांग्रेस की टिक्ट पर चुनाव लड़ना चाहते थे, मगर यह सीट भाजपा के जिला अध्यक्ष को दे दी गई। जिससे सन्नी बराड़ काफी हताश हुए हैं। उनकी तरफ से कल फरीदकोट में पार्टी जवाइन की गई थी। वह फरीदकोट और कोटकपूरा की सीटों पर काफी प्रभाव रखते हैं।

भाई कुकू ने लड़ा था कोटकपूरा चुनाव

भाई निरपाल सिंह कुकू ने 2017 चुनाव से पहले ही शिरोमणि अकाली दल बादल को छोड़कर कांग्रेस ज्वाइन की थी और कैप्टन अमरिंदर सिंह ने ही उन्हें कोटकपूरा के उम्मीदवार उतारा था। वह आम आदमी पार्टी के कुलतार सिंह से यह चुनाव हार गए थे। इसके बाद भाई राहुल सिद्धू ने कोटकपूरा में अपना अच्छा आधार बना लिया था। वह इस बार खुद यहां से चुनाव लड़ना चाहते थे और प्रयासरत थे। पार्टी ने यहां से कांग्रेस जिला अध्यक्ष अजय पाल सिंह संधू को चुनाव मैदान में उतार दिया है। इससे भाई परिवार काफी हताश हुआ और उनकी तरफ से आज कांग्रेस को अलविदा कह शिअद ने शामिल हो गए हैं।

दोनों नेताओं का सात विधान सभा क्षेत्रों पर प्रभाव

भाई निरपाल सिंह श्री मुक्तसर साहिब से शिअद की टिक्ट पर चुनाव लड़ चुके हैं और उनका मुक्तसर साहिब में अच्छा प्रभाव है। भाई राहुल ने पिछला चुनाव कोटकपूरा में लड़ा था और उनका कोटकपूरा में अच्छा प्रभाव है। दोनों बाप बेटा मुक्तसर साहिब ओर फरीदकोट की सात सीटों को प्रभावित कर सकते हैं। इसी तरह संदीप सिंह सन्नी बराड़ लगभग तीस साल से फरीदकोट में कांग्रेस के लिए काम कर रहे थे, यूथ कांग्रेस से लेकर वह प्रेदश कार्यकारिणी में अहम पदों पर रहे हैं। कैप्टन अमरिंदर सिंह का ओएसडी रहते हुए फरीदकोट में अच्छा प्रभाव बनाया था और वह भी चुनाव को जरूर प्रभावित करेंगे।

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